V E R A P R A K A S H A N

साहित्यिक पुस्तकों का नया घर

आदमी था गाँव का | ग़ज़ल

Original price was: ₹250.00.Current price is: ₹225.00.

‘आदमी था गाँव का’ में दस दर्जन के करीब ग़ज़लें शामिल की गई हैं। इनकी ज़मीं शायर मेघांश ने कहीं से उधार नहीं ली है। मेघांश ने वो सारा दर्द और स्थितियाँ ख़ुद जी हैं या अपने आस-पास देखी हैं। यही वजह है कि इनके शेर सच्चे हैं। सच्चे शेर की ख़ुश्बू निराली ही हुआ करती है यही वजह होती है कि ग़ज़ल का एक-एक शेर रूह को छू जाता है। शेर शायर और श्रोताओं एवं पाठकों के बीच अव्यक्त संवाद होते हैं। — सतीश व्यास ‘आस’

Author         :     Devkishan Meghansh

ISBN             :     978-81-69009-25-6

Language    :     Hindi

Edition        :     First

Binding       :     Paperback

Pages           :     140

Year             :     2026

0 reviews for आदमी था गाँव का | ग़ज़ल

Be the first to review “आदमी था गाँव का | ग़ज़ल”

Your email address will not be published. Required fields are marked *